बारिश में ई-स्कूटर चलाने से हो जाता है खराब, खबर पढ़कर दूर करें कंफ्यूजन
Source : business.khaskhabar.com | Jun 18, 2026 | 

ऑटो डेस्क। नई दिल्ली बारिश के मौसम में गाड़ियों का खास ख्याल रखना होता है। इसी क्रम में ई-स्कूटर का भी ध्यान रखना अति आवश्यक माना जाता है। कई लोग सोचते हैं कि बारिश के पानी से ई-स्कूटर की बैटरी खराब हो जाएगी या उसमें शॉर्ट सर्किट हो जाएगा।
अगर आप भी इसी उलझन में हैं, तो परेशान न हों। सच यह है कि आधुनिक ई-स्कूटर पूरी तरह वॉटरप्रूफ तकनीक से बने होते हैं, लेकिन फिर भी लापरवाही बरतने पर नुकसान हो सकता है। आइए इस लेख में समझते हैं कि बारिश के मौसम में इलेक्ट्रिक स्कूटर के मालिकों को किन बातों का ध्यान रखना चाहिए।
आईपी रेटिंग का सुरक्षा चक्र समझेंः आज के ज्यादातर ई-स्कूटर आईपी67 या आईपी65 रेटिंग के साथ आते हैं। इस रेटिंग का मतलब है कि स्कूटर की बैटरी और मोटर धूल और पानी की बौछारों से पूरी तरह सुरक्षित हैं। इस तकनीक की वजह से तेज बारिश में भी स्कूटर चलाने से यह खराब नहीं होता।
जलभराव वाले रास्तों से हमेशा बचेंः अगर सड़क पर आधे टायर से ज्यादा गहरा पानी भरा हो, तो वहां स्कूटर न ले जाएं। लंबे समय तक पानी में डूबे रहने से कनेक्टर के अंदर नमी जा सकती है। पानी मोटर कंट्रोलर के संवेदनशील हिस्सों को नुकसान पहुंचा सकता है, जिससे भारी खर्च आ सकता है।
बारिश के बाद चार्जिंग में रखें यह सावधानीः अगर आपका ई-स्कूटर बारिश में भीग गया है, तो उसे तुरंत चार्जिंग पर न लगाएं। बता दें कि नमी होने पर चार्ज करने से सॉकेट में शॉर्ट सर्किट होने का खतरा बढ़ जाता है। इसलिए पहले स्कूटर के चार्जिंग पोर्ट को साफ कपड़े से अच्छी तरह सुखा लें, उसके बाद ही चार्जर कनेक्ट करें।
मानसून में ई-स्कूटर की देखभाल के आसान टिप्सः स्कूटर को हमेशा किसी शेड या वाटरप्रूफ कवर के नीचे ही पार्क करें। अगर किन्हीं कारणों से स्कूटर भीग भी जाता है तो उसे भीगने के बाद सूखे कपड़े से पोंछने के बाद ही इस्तेमाल करें। गीली सड़कों पर अच्छी ग्रिप के लिए टायर का प्रेशर हमेशा सही बनाए रखें।
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