businesskhaskhabar.com

Business News

Home >> Business

इथेनाल 30 प्रतिशत वाले पेट्रोल के लिए तैयार हैं आपकी गाड़ी, जानें इंजन और माइलेज पर पड़ने वाला असर

Source : business.khaskhabar.com | Jun 13, 2026 | businesskhaskhabar.com Automobile News Rss Feeds
 is your vehicle ready for petrol with 30 percent ethanol learn about its impact on engine and mileage 821092
ऑटो डेस्क। नई दिल्ली 

देश को ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाने के लिए सरकार तेजी से आगे बढ़ रही है, सरकार का मुख्य उद्देश्य प्रदूषण को कम करना है। इसके लिए हाल ही में भारतीय मानक ब्यूरो स्टैंडर्ड्स (BIS) ने E22, E27 और E30 पेट्रोल फ्यूल के मानकों को नॉटिफाई किया है और सरकार ने इन पर एक्साइज ड्यूटी भी माफ कर दिया है। E30 का मतलब है ऐसा पेट्रोल जिसमें 30% Ethanol और 70% पेट्रोल मिला होगा। आइए जानते हैं कि क्या सड़कों पर दौड़ने वाली गाड़ियां इसके लिए तैयार हैं। 

वर्तमान स्थिति और चुनौतीः 

फिलहाल भारत में E20 पेट्रोल उपलब्ध कराया जा चुका है। साल 2023 के बाद बनी ज्यादातर नई गाड़ियां E20 पेट्रोल के अनुकूल हैं। लेकिन, जब बात E30 या उससे ऊपर के मिश्रण पर आती है तो यह स्थिति काफी बदल जाती है। Ethanol की प्रकृति जंग लगाने वाली होती है क्योंकि यह पानी को सोखता है जिससे गाड़ियों के पुराने इंजन, फ्यूल पंप, रबर पाइप और इंजेक्टर्स में जंग लगने या उनके खराब होने का खतरा बढ़ जाता है। 

माइलेज में कमीः 

Ethanol में सामान्य पेट्रोल के मुकाबले कम एनर्जी होती है। देश भर में बहुत सारे लोगों ने सोशल मीडिया के माध्यम से बताया है कि E20 पेट्रोल के इस्तेमाल से ही कई गाड़ियों के माइलेज में 10% से 20% की गिरावट देखी गई है। E30 आने पर माइलेज में और कमी देखी जा सकती है। भारत में 2023 से पहल बनी गाड़ियां सिर्फ E10 के लिए डिजाइन की गई थीं। 

कंपनियों की तैयारीः 

E30 फ्यूल का इस्तेमाल के लिए गाड़ियों में Flex-Fuel तकनीक की जरूरत होगी। इसके लिए ऑटोमोबाइल कंपनियों को इंजन ट्यूनिंग, फ्यूल सिस्टम और मटेरियल कंपैटिबिलिटी में बड़ी तकनीकी बदलाव करने होंगे। ऑटो इंडस्ट्री अभी इस बदलाव के शुरुआती चरण में है और कंपनियां नए प्रोटोटाइप पर कार कर रही हैं। 

E30 के लिए क्या देश तैयार हैः 

आसान शब्दों में कहें तो, भारत की मौजूदा गाड़ियां अभी E30 फ्यूल के लिए पूरी तरह से तैयार नहीं हैं। सरकार ने अभी सिर्फ इसके नियम और मानक तय किए हैं लेकिन आने वाले समय में यह पूरी तरह से बाजारों में आएगा और तब लोगों को Flex-Fuel गाड़ियां खरीदनी होंगी। सरकार को पुरानी गाड़ियों के लिए सामान्य पेट्रोल (E10 या E20) के विकल्प को जारी रखना होगा जिससे आम ग्राहकों की जेब और गाड़ियों पर भारी असर न पड़े।

[@ यहां होती है चमगादडों की पूजा]


[@ ये है "भूतिया" जंगल,जान देने आते है लोग]


[@ मां-बाप का गाना सुन कोमा से जागी 4साल की बच्ची ]



Warning: PHP Startup: Unable to load dynamic library '/opt/cpanel/ea-php54/root/usr/lib64/php/modules/xsl.so' - /lib64/libxslt.so.1: symbol xmlGenericErrorContext, version LIBXML2_2.4.30 not defined in file libxml2.so.2 with link time reference in Unknown on line 0