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कमजोर वैश्विक संकेतों के बीच भारतीय शेयर बाजार सपाट खुला, सेंसेक्स 150 अंक नीचे 

Source : business.khaskhabar.com | Jan 21, 2026 | businesskhaskhabar.com Market News Rss Feeds
 indian stock market opens flat amid weak global cues sensex down 150 points 785630मुंबई। कमजोर वैश्विक संकेतों के बीच सप्ताह के तीसरे कारोबारी दिन बुधवार को भारतीय शेयर बाजार पिछले बंद से गिरावट के साथ सपाट खुले। इस दौरान निफ्टी के अधिकतर इंडेक्स लाल निशान में ट्रेड करते नजर आए। 
शुरुआती कारोबार में खबर लिखे जाने तक (सुबह 9.22 बजे) 30 शेयरों वाला बीएसई सेंसेक्स 167.99 अंक या 0.20 प्रतिशत की गिरावट के साथ 82,012.48 पर कारोबार कर रहा था, तो वहीं निफ्टी 24.35 अंक या 0.10 प्रतिशत की गिरावट के साथ 25,208.15 पर था।
व्यापक बाजार में निफ्टी मिडकैप इंडेक्स में 0.36 प्रतिशत की गिरावट आई, तो वहीं निफ्टी स्मॉलकैप इंडेक्स में 0.47 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई।
सेक्टरवार देखें तो निफ्टी फार्मा इंडेक्स में 0.8 प्रतिशत की मामूली बढ़त दर्ज की गई, इसके बाद निफ्टी मेटल इंडेक्स (0.3 प्रतिशत), निफ्टी ऑटो (0.2 प्रतिशत) और निफ्टी एफएमसीजी (0.16 प्रतिशत) में भी बढ़त देखी गई।
वहीं दूसरी ओर, निफ्टी रियल्टी इंडेक्स में 0.7 प्रतिशत और निफ्टी प्राइवेट बैंक इंडेक्स में 0.3 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई।
सेंसेक्स पैक में आईसीआईसीआई बैंक, बीईएल, एचसीएल टेक, ट्रेंट, इंफोसिस, एल एंड टी और टीसीएस के शेयरों में सबसे ज्यादा गिरावट दर्ज की गई, तो वहीं दूसरी ओर इटरनल, इंडिगो, सन फार्मा, पावरग्रिड, अल्ट्राटेक सीमेंट, टेक महिंद्रा, टाटा स्टील, एचयूएल और अदाणी पोर्ट्स के शेयरों में तेजी देखने को मिली।
वहीं मार्केट एक्सपर्ट का कहना है कि मंगलवार को आई तेज गिरावट के बाद निवेशकों का भरोसा फिलहाल कमजोर बना हुआ है और बढ़ते उतार-चढ़ाव के बीच बाजार को पास के स्तरों पर मजबूत सहारा नहीं मिल पा रहा है।
एक्सपर्ट ने कहा कि तकनीकी नजरिए से देखें तो निफ्टी के लिए अब 25,350 से 25,400 का स्तर इमीडिएट रेजिस्टेंस है। अगर इंडेक्स इस दायरे के नीचे बना रहता है, तो तेजी की कोशिशें सीमित रह सकती हैं। वहीं नीचे की तरफ 25,050-25,100 का स्तर अहम सपोर्ट माना जा रहा है। अगर यह सपोर्ट टूटता है, तो निफ्टी में और गिरावट आ सकती है और यह 24,900-24,800 तक फिसल सकता है।
इसके साथ ही एक्सपर्ट ने बताया कि निवेशकों की धारणा पर फंड फ्लो का असर लगातार बना हुआ है। विदेशी संस्थागत निवेशक (एफआईआई) लगातार बिकवाली कर रहे हैं, जिससे बाजार पर दबाव बढ़ रहा है। वहीं घरेलू संस्थागत निवेशक (डीआईआई) कुछ हद तक खरीदारी कर गिरावट को थामने की कोशिश कर रहे हैं। इस बीच इंडिया वीआईएक्स में तेजी देखी गई है, जो यह संकेत देती है कि बाजार में आगे भी ज्यादा उतार-चढ़ाव रह सकता है।
ऐसे में ट्रेडर्स के लिए जरूरी है कि वे सतर्क रहें और जोखिम प्रबंधन पर ज्यादा ध्यान दें। निवेशक प्रमुख सपोर्ट स्तरों के आसपास बाजार में स्थिरता आने का इंतजार करने के बाद ही नया निवेश करने पर विचार करें।
--आईएएनएस
 

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